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H-1B वीजा उल्लंघन को लेकर भड़के वेंस, बोले- पहले अमेरिका के बारे में सोचें

अमेरिकी उपराष्ट्रपति वेंस ने H-1B वीजा को लेकर कहा, 'एक तरफ, H-1B सिस्टम में बहुत धांधली है और दूसरी तरफ, मेरे ससुराल वालों की तरह के लोग भी हैं जो आए और देश की समृद्धि में योगदान दिया।

उपराष्ट्रपति वेंस। / X/@VP

H-1B वीजा नीति का दुरुपयोग करने वालों पर उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने जोरदार निशाना साधा है। अमेरिकी उपराष्ट्रपति का कहना है कि अगर कोई H-1B वीजा के तहत अमेरिका आ रहा है, तो उसे देश के विकास के बारे में सोचना चाहिए। उस व्यक्ति को खुद को एक अमेरिकी की तरह समझना चाहिए। 

अमेरिकी उपराष्ट्रपति वेंस ने H-1B वीजा को लेकर कहा, 'एक तरफ, H-1B सिस्टम में बहुत धांधली है और दूसरी तरफ, मेरे ससुराल वालों की तरह के लोग भी हैं जो आए और देश की समृद्धि में योगदान दिया। ऐसे नागरिकों की एक जिम्मेदारी यह है कि उन्हें देश के बारे में सोचना चाहिए, न कि उस देश या ग्रुप के बारे में जिससे वे आए हैं। सिस्टम तभी काम करता है जब हर कोई खुद को अमेरिकन समझता है।'

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ईरान और अमेरिका के बीच पहले राउंड की वार्ता पाकिस्तान में हुई, जिसका कोई नतीजा नहीं निकला। ईरान ने अमेरिका की शर्तें मानने से इनकार कर दिया। ईरान के साथ जारी तनाव को लेकर अमेरिकी उपराष्ट्रपति वेंस ने कहा, "हम असल में राष्ट्रपति की नीति पर निर्भर हैं, ईरान के पास न्यूक्लियर हथियार नहीं हो सकते और अभी हम यह सुनिश्चित करने के लिए बातचीत कर रहे हैं कि ऐसा ही हो। फिलहाल हमारे बीच सीजफायर बना हुआ है। आप जो देख रहे हैं, वह यह है कि राष्ट्रपति क्या करना चाहते हैं; वह कोई छोटी डील नहीं करना चाहते, वह एक ठोस समझौता करना चाहते हैं।"

उन्होंने आगे कहा, "अमेरिका ने 49 सालों में ईरानी सरकार के साथ उस स्तर पर मीटिंग नहीं की थी, कभी नहीं। जैसे, यह एक ऐसी मीटिंग है जो पहले कभी नहीं हुई थी। न डेमोक्रेट, न रिपब्लिकन, हमने कभी ऐसी मीटिंग नहीं की थी जहां, वह व्यक्ति जो ईरान में देश को असरदार तरीके से चला रहा है, वह अमेरिकी उपराष्ट्रपति के सामने बैठा हो।"

2025 में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एच-1बी वीजा के फीस को बढ़ाने का निर्देश जारी किया था। नए नियम के तहत अब एच-1बी वीजा के लिए प्रक्रिया पूरी तरह बदल दी गई है। अब तक वीजा पाने के लिए रैंडम लॉटरी सिस्टम लागू था, लेकिन इसे खत्म कर दिया गया है। इसकी जगह अब एक 'वेटेड सेलेक्शन प्रोसेस' लागू किया जाएगा, जिसमें अधिक कुशल (हायर स्किल) और अधिक वेतन पाने वाले विदेशी पेशेवरों को प्राथमिकता दी जाएगी।

एच-1बी वीजा की संख्या में कोई बदलाव नहीं किया गया है। हर साल 65,000 एच-1बी वीजा जारी किए जाते हैं, जबकि अमेरिका से उच्च डिग्री प्राप्त करने वालों के लिए अतिरिक्त 20,000 वीजा उपलब्ध रहते हैं। हालांकि, नए नियम के तहत चयन की संभावना अब ज्यादा कुशल और अधिक वेतन वाले आवेदकों के पक्ष में होगी, जबकि सभी वेतन स्तरों के लिए अवसर बने रहेंगे।

यह नया नियम 27 फरवरी 2026 से लागू करने की बात कही गई और वित्त वर्ष 2027 की एच-1बी कैप रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में प्रभावी रहेगा। वहीं इस साल की शुरुआत में एच-1बी वीजा को खत्म करने के लिए नया कानून पेश किया गया। अमेरिकी सरकार का कहना है कि एच-1बी वीजा विदेशी कामगारों को ज्यादा फायदा होता है, उन्हें ज्यादा प्राथमिकता मिलती है।

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