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भारतीय-अमेरिकी लेखिका के नए उपन्यास में पारिवारिक जटिलताओं का चित्रण

श्रॉफ का हालिया काम पीढ़ियों से चले आ रहे मानसिक पीड़ा, प्रवासी पहचान और माफी की जटिलताओं को खंगालता है।

 पारिनी श्रॉफ/ किताब का कवर।   पारिनी श्रॉफ/ किताब का कवर। / parinishroff.com

क्या होता है जब जिस व्यक्ति पर आप सबसे कम निर्भर रहना चाहते हैं, वही आपकी देखभाल करने वाला एकमात्र व्यक्ति बन जाता है? यही कहानी है भारतीय-अमेरिकी लेखक पारिनी श्रॉफ के दूसरे उपन्यास 'सम पीपल' (Some People) की, जो इसी महीने की शुरुआत में रिलीज हुआ है।

कहानी एक अकेली भारतीय-अमेरिकी मां, मालती पटेल के इर्द-गिर्द घूमती है, जो एक दुर्घटना के बाद सिर की चोट से उबर रही हैं और जिद करती हैं कि वह अपना खयाल  खुद रख सकती हैं। लेकिन जब उनके डॉक्टर एक हफ्ते तक घर पर निगरानी रखने का आदेश देते हैं, तो यह जिम्मेदारी उनकी बेटी काव्या के पति नाथन व्हिटलॉक पर आ जाती है, जिनसे काव्या अलग हो चुकी हैं।

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काव्या के भारत में अपनी आगे की पढ़ाई (ग्रेजुएट स्टडीज) के लिए बाहर होने के कारण, इस अजीब जोड़ी को सात मुश्किल दिन एक साथ बिताने पड़ते हैं, जबकि नाथन और काव्या की टूटती शादी की कड़वाहट भी उनके बीच मौजूद है।

जैसे-जैसे पुरानी नाराजगी फिर से सामने आती है, मालती और नाथन को उन सांस्कृतिक गलतफहमियों, भावनात्मक दूरी और पारिवारिक आघातों का सामना करना पड़ता है, जिन्होंने काव्या की जिंदगी को आकार दिया और उसे उन दोनों से दूर कर दिया।

प्रकाशक के अनुसार, यह उपन्यास प्यार, माफी और समझ व स्वीकार्यता की हमारी कभी न खत्म होने वाली खोज की एक बारीक तस्वीर पेश करता है, साथ ही यह पीढ़ियों से चले आ रहे आघात, प्रवासी पहचान और पारिवारिक रिश्तों की जटिलताओं को भी उजागर करता है।

'सम पीपल', श्रॉफ की पिछली किताब 'द बैंडिट क्वीन्स' (The Bandit Queens) के बाद आई है, जो 2023 में रिलीज होने के बाद नेशनल बेस्टसेलर बन गई थी।

उनके पहले उपन्यास को 'गुड मॉर्निंग अमेरिका बज पिक' चुना गया था, यह 'PEN ओपन बुक अवार्ड' का फाइनलिस्ट था, और इसे 'एंड्रयू कार्नेगी मेडल फॉर एक्सीलेंस इन फिक्शन' और 'विमेंस प्राइज़ फॉर फिक्शन' दोनों के लिए लॉन्गलिस्ट में शामिल किया गया था।

इसे ग्रामीण भारत में जेंडर और सत्ता पर डार्क ह्यूमर और सामाजिक टिप्पणी के मिश्रण के लिए भी काफी सराहना मिली थी।

सैन फ्रांसिस्को बे एरिया में रहने वाली और वकालत करने वाली श्रॉफ को मैकडॉवेल, जेरासी, जेंटल, स्टूडियोज ऑफ की वेस्ट और किमेल हार्डिंग नेल्सन सेंटर फॉर द आर्ट्स में राइटिंग रेजिडेंसी मिली है। हाल ही में उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ टेकसस एट ऑस्टिन से क्रिएटिव राइटिंग में MFA की डिग्री हासिल की है।

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