ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

भारतीय मूल के अमेरिकी निवेशक अतुल अग्रवाल ने ग्रीन कार्ड बैकलॉग को 'स्लो पॉइजन' बताया

अतुल अग्रवाल ने सोशल मीडिया पर ग्रीन कार्ड की अनिश्चितताओं के मानसिक और भावनात्मक प्रभावों के बारे में अपनी राय व्यक्त की। उन्होंने इसे 'असली समस्या' बताया जिसका सामना अमेरिका में बड़ी संख्या में प्रवासी भारतीय कर रहे हैं। 

 अतुल अग्रवाल  आईआईटी खड़गपुर से स्नातक और अमेरिका में भारतीय प्रवासी समुदाय के एक सक्रिय सदस्य हैं। अतुल अग्रवाल आईआईटी खड़गपुर से स्नातक और अमेरिका में भारतीय प्रवासी समुदाय के एक सक्रिय सदस्य हैं। / X (@atalovesyou)

सिलिकॉन वैली में रहने वाले भारतीय-अमेरिकी निवेशक अतुल अग्रवाल ने अमेरिका में भारतीय अप्रवासियों के लिए लंबे समय से चल रहे ग्रीन कार्ड बैकलॉग के बारे में चिंता जताई है। उन्होंने इसे 'स्लो पॉइजन' कहा। भारत में आईआईटी खड़गपुर से स्नातक और अमेरिका में भारतीय प्रवासी समुदाय के एक सक्रिय सदस्य अतुल अग्रवाल ने सोशल मीडिया पर ग्रीन कार्ड की अनिश्चितताओं के मानसिक और भावनात्मक प्रभावों के बारे में अपनी राय व्यक्त की। उन्होंने इसे 'असली समस्या' बताया जिसका सामना प्रवासी भारतीय कर रहे हैं। 

अग्रवाल ने कहा, 'एक सच जो ज्यादातर प्रवासी भारतीय सुनना नहीं चाहते। वे भारत में बेहतर हैं, बजाय इसके कि जीवन भर ग्रीन कार्ड बैकलॉग में फंसे रहें। ग्रीन कार्ड न होना असली समस्या नहीं है। असली समस्या जीवन भर अनिश्चितता की स्थिति है।' उनके पोस्ट में भारतीयों की प्रतिभा और उनके लचीले व्यवहार के महत्व पर प्रकाश डाला गया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारतीय अप्रवासी, खासकर अत्यधिक कुशल पेशेवर, अपनी दृढ़ता और प्रतिभा के बल पर किसी भी वातावरण में सफल होंगे। 

अग्रवाल ने कहा, 'ये प्रतिभाशाली भारतीय कहीं भी चमकेंगे। दुनिया मेहनत, काम पर फोकस और प्रतिभा को पुरस्कृत करती है।' उन्होंने अपनी इस बात पर जोर दिया कि इमिग्रेशन सिस्टम को इन गुणों को बेहतर ढंग से पहचानना चाहिए।

सॉफ्टवेयर डेवलपर से निवेशक बने अतुल अग्रवाल ने अमेरिका में अप्रवासी प्रतिभाओं का समर्थन करने और समुदाय के संबंधों को बढ़ावा देने के इर्द-गिर्द अपना करियर बनाया है। अपनी स्टार्टअप ओपनस्फियर (OpenSphere) के माध्यम से उनका लक्ष्य वीजा संबंधी मार्गदर्शन प्रदान करके ग्लोबल मोबिलिटी को बेहतर बनाना है।

तकनीक और अप्रवासी वकालत क्षेत्रों में काम करने के अलावा अग्रवाल कई समुदायों और पहलों में एक जाना-माना चेहरा हैं। वह अमेरिका भर में IIT खड़गपुर के स्नातकों के लिए पूर्व छात्र मिलन समारोहों का सक्रिय रूप से आयोजन करते हैं। वह सैन फ्रांसिस्को में 'ग्लोबल ड्रीमर्स' के लिए मासिक सभाएं भी आयोजित करते हैं। ये वे लोग हैं जो चुनौतियों के बावजूद अपने पेशेवर और व्यक्तिगत सपनों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसके अलावा वह आयरनमैन इवेंट्स और बर्निंग मैन समुदाय में भाग लेते हैं। वह इन दोनों को लचीलापन और कलात्मक प्रतिकूलता का प्रतीक मानते हैं।

 

Comments

Leave A Comment

Required fields are marked (*).

Related

Talk to us?