वाशिंगटन में आयोजित ‘क्रिटिकल मिनरल्स मिनिस्टीरियल’ को संबोधित करते हुए भारत के विदेश मंत्री जयशंकर ने वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में अत्यधिक एकाग्रता से पैदा होने वाले जोखिमों की ओर ध्यान दिलाया। उन्होंने कहा कि इन जोखिमों को कम करने के लिए देशों के बीच समन्वित और संरचित सहयोग जरूरी है।

विदेश मामलों के मंत्री एस. जयशंकर ने बुधवार, 4 फरवरी, 2026 को वाशिंगटन डी.सी. में महत्वपूर्ण खनिज मंत्रिस्तरीय सम्मेलन में भाषण दिया।
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