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मैसाचुसेट्स के मंदिर पहुंचे अमेरिकी कांग्रेसी मैकगवर्न, दिखा सामुदायिक जुड़ाव

मंदिर पहुंचे मैकगवर्न ने समुदाय के लोगों से मुलाकात की और नागरिक भागीदारी, धार्मिक समावेश और सार्वजनिक नीतियों जैसे अहम मुद्दों पर बातचीत की।

21 मार्च को हुए इस दौरे को आयोजकों ने प्रतीकात्मक और ऐतिहासिक बताया। / IANS

मैसाचुसेट्स में श्री लक्ष्मी मंदिर के दौरे के दौरान, कांग्रेसमैन जिम मैकगवर्न ने समुदाय के सदस्यों के साथ बातचीत की। 21 मार्च को हुए इस दौरे को आयोजकों ने प्रतीकात्मक और ऐतिहासिक बताया। 

मंदिर में पहुंचे मैकगवर्न ने समुदाय के लोगों से मुलाकात की और नागरिक भागीदारी, धार्मिक समावेश और सार्वजनिक नीतियों जैसे अहम मुद्दों पर बातचीत की। यह मुलाकात उनके राज्य में विभिन्न समुदायों से जुड़ने और आपसी समझ बढ़ाने के प्रयासों का हिस्सा मानी जा रही है।

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इस कार्यक्रम का आयोजन 'अमेरिकन्स 4 हिंदूज' ने किया था। संगठन की मैसाचुसेट्स चैप्टर की अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी थलंकी ने कहा कि यह ऐतिहासिक यात्रा हिंदू-अमेरिकी समुदाय की मजबूती और जीवंतता को दर्शाती है, साथ ही विभिन्न संस्कृतियों और धर्मों के बीच पुल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

वहीं यूएस-इंडिया सिक्योरिटी काउंसिल के अध्यक्ष रमेश विश्वनाथ कपूर ने अमेरिका-भारत संबंधों को और मजबूत करने की जरूरत का जिक्र करते हुए कहा कि मैकगवर्न लंबे समय से भारतीय-अमेरिकी समुदाय के समर्थन में खड़े रहे हैं। उन्होंने समुदाय में एकता बनाए रखने की भी अपील की।

कार्यक्रम के दौरान मैकगवर्न ने प्रसिद्ध तबला वादक और संगीत शिक्षक गौरीशंकर चंद्रशेखर को उनके 25 वर्षों के योगदान के लिए सम्मानित किया। इस मौके पर उनके छात्रों ने भी खुशी जाहिर की और इस सम्मान का जश्न मनाया।

डॉ. लक्ष्मी थलांकी ने हिंदू धर्म के कुछ प्रमुख सिद्धांतों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने 'एकम् सत् विप्रा बहुधा वदन्ति' का उल्लेख करते हुए कहा कि सत्य एक है, लेकिन उसे अलग-अलग तरीके से समझा जाता है। उन्होंने बताया कि हिंदू धर्म लोगों को अलग-अलग विचारों के कारण बांटने के बजाय उन्हें स्वीकार करना सिखाता है।

उन्होंने 'वसुधैव कुटुंबकम्' के सिद्धांत का भी जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे विचार वैश्विक स्तर पर आपसी सम्मान और सद्भाव को बढ़ावा देते हैं।

मंदिर दौरे के दौरान, नवरात्र के अवसर पर मैकगवर्न को देवी लक्ष्मी की एक प्रतिमा भेंट की गई। साथ ही मंदिर के पुजारियों और नेताओं ने उन्हें भगवान गणेश का सिक्का भी दिया।

मंदिर प्रतिनिधियों ने कहा कि यह दौरा 'अतिथि देवो भवः' की भावना को दर्शाता है, जो भारतीय संस्कृति में मेहमानों के प्रति सम्मान और आदर को दिखाता है।

प्रमित माकोडे ने भारतीय-अमेरिकी समुदाय के योगदान का जिक्र करते हुए कहा कि यह समुदाय शिक्षित है और समाज में सक्रिय भूमिका निभाने वाला है। वहीं राम गुप्ता ने धर्म और कर्म जैसे हिंदू सिद्धांतों को साझा करते हुए इसे मानवता के कल्याण पर केंद्रित बताया।

इस कार्यक्रम में कई अन्य समुदाय के सदस्य, स्वयंसेवक, सांस्कृतिक कार्यकर्ता और स्थानीय राजनीतिक आकांक्षी भी शामिल हुए, जो भारतीय-अमेरिकी समुदाय की बढ़ती भागीदारी को दर्शाता है।

श्री लक्ष्मी मंदिर न्यू इंग्लैंड क्षेत्र में हिंदू समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र है, जहां पूरे साल धार्मिक और सामुदायिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।

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