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जापान का भारत में 68 अरब डॉलर निवेश का वादा, AI, सेमीकंडर पर जोर

गुजरात में सेमीकंडर उत्पादन के लिए बड़े प्रोजक्ट की शुरुआत और पीएम मोदी की विदेश यात्रा के बीच जापान की ओर से निवेश का वादा भारत के लिए अहम है।

पीएम नरेंद्र मोदी और पीएम शिगेरु इशिबा /

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अगस्त को टोक्यो पहुंचे। यहां उन्होंने पीएम शिगेरु इशिबा के साथ अहम द्विपक्षीय वार्ता की। दोनों देशों के समकक्षों ने द्विपक्षीय सहयोग को और अधिक मजबूती देने की प्रतिबद्धता जताई। इस दौरान जापान ने भारत में  68 अरब डॉलर के निवेश का वादा किया गया। यह घोषणा शिगेरु इशिबा के कार्यालय ने की, जिसका उद्देश्य भारत में सेमीकंडक्टर और एआई सहयोग को बढ़ावा देने के साथ हिंद-प्रशांत सुरक्षा संबंधों को मजबूती देना है। 

भारत और जापान ने एक बार फिर सुरक्षा संबंधों को मजबूती देने पर फोकस करने की बात कही। पीएम मोदी के साथ बातचीत के बाद जापानी प्रधानमंत्री शिगेरु इशिबा ने संवाददाताओं से कहा, "भारत का विशाल बाज़ार इतनी संभावनाओं से भरा है कि इसकी जीवंतता को शामिल करने से जापान की अर्थव्यवस्था के विकास को गति मिलेगी।"

बता दें कि भारत और जापान के बीच मौजूदा द्विपक्षीय व्यापार सालाना 20 अरब डॉलर से अधिक का है। मोदी के दो दिवसीय प्रवास के दौरान बोलते हुए, इशिबा ने कहा कि जापान भारत में निवेश को 10 ट्रिलियन येन (68 अरब डॉलर) तक बढ़ाएगा।  सेमीकंडक्टर, AI को लेकर एक सहयोग किया जाएगा। 

क्योटो समाचार एजेंसी के मुताबिक, दोनों पक्ष जापान के आत्मरक्षा बलों और भारतीय सशस्त्र बलों के बीच अभ्यास का विस्तार करने पर सहमत हुए हैं।

पीएम मोदी और इशिबा की चर्चा के बाद एक संयुक्त बयान में पूर्वी चीन सागर और दक्षिण चीन सागर की स्थिति पर "गंभीर चिंता" भी व्यक्त की गई। पीएम इशिबा ने संवाददाताओं से कहा, "जैसे-जैसे अंतर्राष्ट्रीय स्थिति और अधिक अनिश्चित होती जा रही है, जापान और भारत को क्षेत्र की शांति और स्थिरता के लिए इसके लिए एक साथ आगे बढ़ना चाहिए।"

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वहीं पीएम नरेंद्र मोदी ने जापान के साथ भारत के मजबूत संबंधों का जिक्र किया। उन्होंने  कहा, "भारत और जापान एक स्वतंत्र, खुले, शांतिपूर्ण, समृद्ध और नियम-आधारित हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।"

पीएम मोदी ने टोक्यो में इससे पहले एक व्यापार मंच को भी संबोधित किया। जिसमें उन्होंने कहा कि भारत और जापान "एशियाई सदी को आकार देंगे", और भारत "जापानी व्यवसायों के लिए वैश्विक दक्षिण में एक स्प्रिंगबोर्ड" होगा।

बता दें कि जापान और भारत दोनों देश यूएस टैरिफ वृद्धि का सामना कर रहे हैं। टैरिफ वॉर से चलते जापान का महत्वपूर्ण ऑटो सेक्टर अभी भी 25 प्रतिशत टैरिफ का सामना कर रहा है। 

इशिबा, पीएम मोदी चिप फैक्ट्री का करेंगे दौरा
पीएम मोदी अपनी टोक्यो यात्रा के दौरान 30 अगस्त को  "शिंकानसेन" बुलेट ट्रेन बनाने वाली एक फैक्ट्री का भी दौरा करेंगे। पीएम के इस विजिट का उद्देश्य 2047 में भारत की स्वतंत्रता की शताब्दी तक 7,000 किलोमीटर (4,350 मील) लंबे हाई-स्पीड रेल नेटवर्क की योजना में जापान की मदद करना है। इसके बाद रविवार और सोमवार (3 से 4 अगस्त तक) चीन में शंघाई सहयोग संगठन के शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे, जिसकी मेजबानी राष्ट्रपति शी जिनपिंग करेंगे। इस दौरान दुनिया की तीन प्रमुख अर्थव्यस्थाओं के दिग्गज नेता एक साथ मंच पर दिखेंगे। 

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