ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

ह्यूस्टन में जय श्रीराम की गूंज, दशहरा फेस्टिवल में भक्ति का जश्न

फाउंडेशन का उद्देश्य भारतीय संस्कृति को वैश्विक मंच पर बढ़ावा देना और प्रवासी पीढ़ियों को अपनी जड़ों से जोड़े रखना है।

दशहरा फेस्टिवल / image provided

अमेरिका के ह्यूस्टन शहर में इस बार दिवाली और दशहरा का उत्सव भारतीय रंगों और परंपराओं से जगमगा उठा। श्री सीता राम फाउंडेशन, यूएसए की ओर से शनिवार 4 अक्टूबर को कॉन्स्टेलेशन फील्ड, शुगर लैंड में आयोजित 14वां इंटरनेशनल दिवाली-दशहरा फेस्टिवल 2025 प्रवासी भारतीय समुदाय की एकता, सांस्कृतिक गौरव और भारत की सॉफ्ट पावर का शानदार उदाहरण बना।

हजारों की संख्या में भारतीय मूल के परिवारों और स्थानीय अमेरिकियों ने इस उत्सव में भाग लिया। आतिशबाजी, रंग-बिरंगी झांकियों, भक्ति संगीत, रामलीला और रावण दहन के बीच पूरा वातावरण जय श्रीराम के नारों से गूंज उठा।

यह भी पढ़ें- मंदिरों की शरण में ममदानी: न्यूयॉर्क में कहा- अपनी हिंदू विरासत पर गर्व

फाउंडेशन के संस्थापक डॉ. अरुण वर्मा ने कहा,दिवाली सिर्फ एक त्यौहार नहीं, बल्कि यह अच्छाई की बुराई पर विजय और ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ — पूरी दुनिया एक परिवार है — की भावना का प्रतीक है। यह उत्सव दिखाता है कि भारतीय संस्कृति दुनिया के हर कोने में लोगों को जोड़ने की ताकत रखती है।

दशहरा फेस्टिवल / image provided

कार्यक्रम की प्रमुख झलकियां
एमसी योगी का धमाकेदार परफॉर्मेंस: अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त हिप-हॉप आर्टिस्ट और योग शिक्षक एमसी योगी ने अपने ऊर्जावान संगीत से दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। भारतीय दर्शन और योग की कहानियों से जुड़ी उनकी प्रस्तुति ने खूब तालियां बटोरीं।

भव्य परेड और झांकियां: इस साल की थीम “महाकुंभ” रही। 40 से अधिक झांकियों में भारत की आध्यात्मिक परंपरा, अखाड़ों की झलक और शिव तांडव नृत्य की भव्य प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया।

रामलीला और सुंदरकांड पाठ: मंच पर पारंपरिक रामलीला और सुंदरकांड पाठ का आयोजन हुआ, जिसने लोगों को भारत की भक्ति परंपरा का जीवंत अनुभव कराया।

भारतीय बाजार और व्यंजन: ‘इंडियन मार्केटप्लेस’ में हस्तशिल्प, कपड़े, आभूषण और भारतीय व्यंजनों की महक ने टेक्सास में ‘मिनी इंडिया’ का माहौल बना दिया।

रावण दहन और आतिशबाजी: रात के समापन पर हुआ रावण दहन टेक्सास का सबसे बड़ा माना गया। आसमान में छाई रंगीन आतिशबाजी ने हर चेहरे पर दिवाली की खुशी बिखेर दी।

इस आयोजन में स्थानीय नेताओं और विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों ने भी मंच साझा किया। फाउंडेशन का उद्देश्य भारतीय संस्कृति को वैश्विक मंच पर बढ़ावा देना और प्रवासी पीढ़ियों को अपनी जड़ों से जोड़े रखना है।

Comments

Related