जेफरी एप्स्टीन के पीड़ित लोगों ने अपने हाथ ऊपर उठाए, जब अमेरिकी प्रतिनिधि प्रमिला जयपाल (D-WA) ने पूछा कि उनमें से कौन अमेरिकी न्याय विभाग की अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी के नेतृत्व वाले विभाग से मिल नहीं पाया। यह बात तब की है जब बोंडी, न्याय विभाग की निगरानी पर हाउस ज्यूडिशियरी कमेटी की सुनवाई में गवाही देने के लिए, वाशिंगटन, DCमें कैपिटल हिल में 11 फरवरी, 2026 को मौजूद थीं। / REUTERS/Kent Nishimura
भारतीय-अमेरिकी सांसदों ने 2 अप्रैल को अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी को पद से हटाए जाने पर प्रतिक्रिया दी है। इनमें से कई ने उनके हटाए जाने को जेफरी एप्स्टीन से जुडी फाइलों को संभालने के तरीके को लेकर न्याय विभाग पर बढ़ते विरोध से जोड़ा।
सांसद रो खन्ना ने कहा कि बॉन्डी को हटाए जाने का सीधा संबंध उस मामले से है जिसे उन्होंने 'एप्सटीन फाइलों पर पर्दा डालने' का प्रयास बताया और तर्क दिया कि उनके उत्तराधिकारी को शेष रिकॉर्ड पूरी तरह से जारी करने चाहिए।
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खन्ना ने X पर लिखा- एप्सस्टीन फाइलों पर पर्दा डालने के प्रयास ने बॉन्डी को पद से हटा दिया। @RepThomasMassie और मैं तब से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं जब से उन्होंने हमारे 'एप्स्टीन पारदर्शिता अधिनियम' का उल्लंघन किया है। कांग्रेस को किसी के पैरों की पायदान बनने की जरूरत नहीं है। सीनेट को यह सुनिश्चित करने के लिए संघर्ष करना चाहिए कि बॉन्डी की जगह किसी अन्य कानून-तोड़ने वाले चापलूस को न लाया जाए।
Attorney General Pam Bondi was just fired for the Epstein files coverup. The new AG must release all the files & prosecute the abusers. pic.twitter.com/gVMPwBJ9fc
— Rep. Ro Khanna (@RepRoKhanna) April 2, 2026
एक अलग पोस्ट में, खन्ना ने आगे कहा कि अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी को अभी-अभी एप्स्टीन फाइलों पर पर्दा डालने के प्रयास के कारण पद से हटाया गया है। नए अटॉर्नी जनरल को सभी फाइलें जारी करनी चाहिए और दुराचारियों पर मुकदमा चलाना चाहिए।
खन्ना और सांसद थॉमस मैसी ने इससे पहले 'एप्स्टीन फाइलें पारदर्शिता अधिनियम' को लेकर प्रयासों का नेतृत्व किया था और जनवरी में एक 'विशेष मास्टर' नियुक्त करने की मांग की थी ताकि न्याय विभाग को पूरी फाइलें जारी करने के लिए बाध्य किया जा सके। इस तरह बॉन्डी को हटाए जाने से पहले इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाने वाली कांग्रेस की आवाजों में खन्ना सबसे प्रमुख चेहरों में से एक बन गए थे।
हाउस ओवरसाइट कमेटी के सदस्य सांसद सुहास सुब्रमण्यम ने कहा कि उन्होंने पहले ही बॉन्डी पर महाभियोग चलाने की मांग की थी और अब उन्होंने पारदर्शिता के लिए अपनी मांगों को फिर से दोहराया है। सुब्रमण्यम ने X पर लिखा- मैंने पाम बॉन्डी पर महाभियोग चलाने की मांग इसलिए की थी क्योंकि उन्होंने राष्ट्रपति के लिए बार-बार कानून का उल्लंघन किया था, लेकिन इसके बावजूद वह उनकी वफादारी की कसौटी पर खरी नहीं उतर पाईं। अब समय आ गया है कि एप्स्टीन फाइलें जारी की जाएं और उन पर पर्दा डालने के प्रयासों को समाप्त किया जाए।
I called for Pam Bondi's impeachment because she repeatedly violated the law for the President, but even that didn't pass his loyalty test.
— Rep. Suhas Subramanyam (VA-10) (@RepSuhas) April 2, 2026
It's time to release the Epstein files and end the cover-ups.
सांसद श्री थानेदार ने कहा कि बॉन्डी को पद से हटाना ही काफी नहीं है और उन्होंने व्यापक जवाबदेही की मांग की। थानेदार ने X पर लिखा- सिर्फ पद से हटा देना ही काफी नहीं है। बॉन्डी और इस प्रशासन के बाकी लोगों को उनके अपराधों के लिए जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।
Being fired isn’t enough. Bondi and the rest of this administration must be held accountable for their crimes. pic.twitter.com/Z4YZorern5
— Congressman Shri Thanedar (@RepShriThanedar) April 2, 2026
थानेदार ने पिछले महीने ही बॉन्डी के खिलाफ औपचारिक रूप से कार्रवाई शुरू की थी, जिसके तहत उन्होंने महाभियोग के प्रस्ताव पेश किए थे; इन प्रस्तावों में बॉन्डी पर कांग्रेस के कामकाज में बाधा डालने, अपने कर्तव्यों की उपेक्षा करने, न्याय में बाधा डालने और न्याय विभाग का दुरुपयोग करने के आरोप लगाए गए थे।
बॉन्डी को पद से हटाए जाने के बाद जारी किए गए एक विस्तृत बयान में, थानेदार ने कहा कि बॉन्डी "इतिहास में एक ऐसी अटॉर्नी जनरल के रूप में याद की जाएंगी जिन्होंने न्याय के लिए लड़ने के बजाय बाल-यौन अपराधियों को संरक्षण दिया और न्याय विभाग का दुरुपयोग किया।"
उन्होंने कहा कि उन्हें महीनों पहले ही हटा दिया जाना चाहिए था और साथ ही यह भी जोड़ा कि पद से हटाए जाने से उनका पिछला रिकॉर्ड मिट नहीं जाता। थानेदार ने इस मौके का इस्तेमाल रक्षा सचिव पीट हेगसेथ को भी हटाने की मांग करने के लिए किया, और कहा कि अगली बारी उन्हीं की होनी चाहिए।
सांसद प्रमिला जयपाल ने भी बॉन्डी के जाने का स्वागत किया और एपस्टीन पीड़ितों को लेकर कांग्रेस में हुई एक तीखी बहस का ज़िक्र किया। जयपाल ने लिखा- AG बॉन्डी ने एपस्टीन पीड़ितों से माफ़ी मांगने को 'गटर में उतरना' कहा था। अच्छा हुआ कि वह चली गईं।
AG Bondi called apologizing to the Epstein survivors getting into the “gutter." Good riddance. pic.twitter.com/TfbBrgFmG2
— Rep. Pramila Jayapal (@RepJayapal) April 2, 2026
जयपाल की यह टिप्पणी फरवरी में हुई एक सुनवाई के संदर्भ में थी, जिसमें उन्होंने बॉन्डी पर जोर डाला था कि वे अपने पीछे बैठी एपस्टीन पीड़ितों की ओर मुड़ें और विभाग द्वारा फाइलों को संभालने के तरीके के लिए माफी मांगें। बॉन्डी ने ऐसा करने से इनकार कर दिया और कहा कि वे 'गटर में नहीं उतरेंगी।' इस घटना ने काफी सुर्खियां बटोरीं और उनके कार्यकाल को लेकर डेमोक्रेटिक पार्टी की आलोचना का एक मुख्य मुद्दा बन गई।
उसी सुनवाई के दौरान, जयपाल ने बॉन्डी पर 'एक बड़े पैमाने पर लीपापोती' करने का आरोप लगाया और कहा कि ट्रंप ने एप्स्टीन फाइलों को जारी करने के मुद्दे को अपने राजनीतिक अभियान का मुख्य केंद्र बनाया था, लेकिन बाद में उनका प्रशासन इस वादे को पूरा करने में नाकाम रहा।
गौरतलब है कि राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने बॉन्डी को उनके पद से हटा दिया है और डिप्टी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच को कार्यवाहक अटॉर्नी जनरल नियुक्त किया। उन्हें ऐसे समय में पद से हटाया गया, जब हाल के हफ्तों में न्याय विभाग द्वारा एप्स्टीन से जुड़े रिकॉर्ड को जारी करने और उन्हें संभालने के तरीके पर लगातार सवाल उठ रहे थे।
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